5) अपने पोर्टफोलियो में विविधता लाएं

Invest in US Stock Market: जानें घर बैठे कैसे करें Meta, Netfilx और Twitter के शेयरों में निवेश और क्‍या हैं इसके नफा-नुकसान

By: ABP Live | Updated at : 06 Oct 2022 04:28 PM (IST)

अमेरिकी बाजार में कैसे करें निवेश

Investment in US Stock Market: भारत में निफ्टी 50 से इस बात का मोटा-मोटा अनुमान लग जाता है कि घरेलू शेयर बाजार की दिशा क्या है. निफ्टी 50 में फ्री फ्लोटिंग मार्केट कैप वाली 50 शीर्ष कंपनियों शामिल हैं. अमेरिका में मार्केट किस ओर जा रहा है, इसका अंदाजा ‘डाउ जोन्स इंडस्ट्रियल एवरेज’ या डाउ, न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज पर सबसे ज्यादा ट्रेडेड 30 अमेरिकी शेयरों की सूची और NASDAQ से लगता है. अमेरिका दुनिया की सबसे बड़ी इकोनॉमी है और डाउ के साथ भी ऐसा ही है और इनका भारत के स्टॉक मार्केट पर बहुत अधिक असर देखने को मिलता है. ऐसे में पोर्टफोलियो डाइवर्सिफिकेशन या भारतीय शेयर बाजारों को लेकर बेहतर अनुमान लगाने के लिए अमेरिकी शेयरों में कुछ निवेश करना अहम हो जाता है. आइए, हम इससे जुड़ी कुछ बुनियादी बातों के बारे में जानते हैं.

अमेरिकी में निवेश की ‘एबीसी’

आइए सबसे पहले ये जानते हैं कि अमेरिका में निवेश करने के अलग-अलग क्या रास्ते हैं जिससे जटिल लग रही प्रक्रिया आसानी से समझ में आ जाएगी. इसके बाद फायदों के बारे में जानकारी हासिल करेंगे और उसके बाद अमेरिका में निवेश के लिए उन जरूरी सूचनाओं पर बात करेंगे जो आपके लिए जानना जरूरी है. यह कुछ इस प्रकार आगे बढ़ता है:

  • अप्रोच (तरीका)
  • बेनिफिट्स (फायदे)
  • कंडीशन्स (परिस्थितियां)

भारत से अमेरिका में निवेश के लिए आप अलग-अलग तरीके अपना सकते हैं. फिनोलॉजी वेंचर्स के सीईओ प्रांजल कामरा कहते हैं कि अमेरिकी शेयर बाजार में दो तरह से निवेश किया जा सकता है. प्रत्‍यक्ष निवेश और अप्रत्‍यक्ष निवेश.

प्रत्यक्ष निवेश (Direct Investment): कामरा कहते हैं कि आप सीधे अमेरिकी स्टॉक में निवेश कर सकते हैं और यूएस ब्रोकरेज अकाउंट में शेयर होल्ड कर आपको ETF में निवेश क्यों करना चाहिए सकते हैं. नए जमाने के ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म्‍स और स्टॉक ब्रोकर्स न्यूयॉर्क स्टॉक एक्सचेंज (NYSE), NASDAQ और AMEX (अमेरिकी स्टॉक एक्सचेंज) जैसे प्रमुख एक्सचेंज में रियल टाइम में ट्रेडिंग करने की सहूलियत देते हैं. आपको अपने इंवेस्टमेंट को ट्रैक करना चाहिए और स्टॉक की एनालिसिस करनी चाहिए.

एक्सिस म्‍यूचुअल फंड ने लॉन्‍च किया एक्सिस NASDAQ 100 FoF

एक्सिस म्‍यूचुअल फंड ने एक्सिस NASDAQ 100 फंड ऑफ फंड (FoF) लॉन्‍च किया है. यह एक ओपन एंडेड फंड ऑफ फंड स्‍कीम है जो NASDAQ 100 TRI के प्रदर्शन को ईटीएफ में निवेश के जरिये ट्रैक करेगा. एक्सिस के इस फंड के नए फंड ऑफर के दौरान न्‍यूनतम 500 रुपये का निवेश कर सकते हैं. इस फंड के फंड मैनेजर हितेश दास हैं.

  • मेटा, माइक्रोसॉफ्ट, अमेजन, नेटफ्लिक्स जैसी दिग्गज टेक कंपनियों और कई अन्य ग्लोबल कंपनियों के लिस्ट होने की वजह से अमेरिकी स्टॉक मार्केट एक व्यवहार्य विकल्प बन जाता है और यहां निवेशकों को सबसे ज्यादा एक्सपोजर भी मिलता है.
  • रुपये के मुकाबले डॉलर के मजबूत होने से भी यूएस स्टॉक की वैल्यू बढ़ जाती है.
  • डाइफर्सिफिकेशन से जुड़ी संभावनाएं
  • पिछले 10 साल के दौरान डाउ ने सेंसेक्स के तीन साल, पांच साल और यहां तक कि 10 साल के मुकाबले ज्यादा रिटर्न दिया है.
  • संकट के समय अमेरिकी डॉलर को भारतीय रुपया से ज्यादा स्थिर और सेफ समझा जाता है.
  • ये यूएस स्टॉक्स में निवेश के फायदे हैं. एक निवेशक के तौर पर आपको अमेरिका में निवेश से पहले अपनी जरूरतों, टैक्स और स्कीम्स को समझना चाहिए.

आपको सोने में निवेश क्यों करना चाहिए? जानें ऐसे 5 कारण जो गोल्ड इन्वेस्टमेंट को बनाते है सबसे बेहतर

Gold Investment: माना जाता है कि सोने और इक्विटी का उलटा संबंध होता है। जिसका अर्थ है कि जब शेयर मूल्य में गिरते हैं तो सोने का मूल्य बढ़ता है। ऐसे ही 5 और कारण इस पोस्ट में जानिए गोल्ड इन्वेस्टमेंट को बनाते है सबसे बेहतर।

Gold Investment: हमारे देश भारत में सोने को सदियों से निवेश के लिये सबसे उपयुक्त साधन माना गया है। यह निवेशकों के लिए एक सुरक्षित ठिकाना है माना जाता है, क्योंकि इसने हमेशा अपनी क्रय शक्ति को बनाए रखा है। लेकिन समय के साथ अब गोल्ड खरीदने का तरीका बदल गया है। डिजिटल गोल्ड ने सोने के निवेश को सहज और किफायती बनाकर लोगों के सोने को खरीदने और बेचने के तरीके में क्रांति ला दी है।

इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि आपको सोने में निवेश क्यों करना चाहिए।

आपको ETF में निवेश क्यों करना चाहिए

अस्वीकरण :
इस वेबसाइट पर दी की गई जानकारी, प्रोडक्ट और सर्विसेज़ बिना किसी वारंटी या प्रतिनिधित्व, व्यक्त या निहित के "जैसा है" और "जैसा उपलब्ध है" के आधार पर दी जाती हैं। Khatabook ब्लॉग विशुद्ध रूप से वित्तीय प्रोडक्ट और सर्विसेज़ की शैक्षिक चर्चा के लिए हैं। Khatabook यह गारंटी नहीं देता है कि सर्विस आपकी आवश्यकताओं को पूरा करेगी, या यह निर्बाध, समय पर और सुरक्षित होगी, और यह कि त्रुटियां, यदि कोई हों, को ठीक किया जाएगा। यहां उपलब्ध सभी सामग्री और जानकारी केवल सामान्य सूचना उद्देश्यों के लिए है। कोई भी कानूनी, वित्तीय या व्यावसायिक निर्णय लेने के लिए जानकारी पर भरोसा करने से पहले किसी पेशेवर से सलाह लें। इस जानकारी का सख्ती से अपने जोखिम पर उपयोग करें। वेबसाइट पर मौजूद किसी भी गलत, गलत या अधूरी जानकारी के लिए Khatabook जिम्मेदार नहीं होगा। यह सुनिश्चित करने के हमारे प्रयासों के बावजूद कि इस वेबसाइट पर निहित जानकारी अद्यतन और मान्य है, Khatabook किसी भी उद्देश्य के लिए वेबसाइट की जानकारी, प्रोडक्ट, सर्विसेज़ या संबंधित ग्राफिक्स की पूर्णता, विश्वसनीयता, सटीकता, संगतता या उपलब्धता की गारंटी नहीं देता है।यदि वेबसाइट अस्थायी रूप से अनुपलब्ध है, तो Khatabook किसी भी तकनीकी समस्या या इसके नियंत्रण से परे क्षति और इस वेबसाइट तक आपके उपयोग या पहुंच के परिणामस्वरूप होने वाली किसी भी हानि या क्षति के लिए उत्तरदायी नहीं होगा।

ETF में करना है निवेश तो इसके साथ जुडे़ टैक्स के नियम को भी जान लीजिए

  • Vijay Parmar
  • Publish Date - October 24, 2021 / 12:07 PM IST

ETF में करना है निवेश तो इसके साथ जुडे़ टैक्स के नियम को भी जान लीजिए

पेटीएम, पॉलिसीबाजार और ज़ोमैटो जैसे स्टार्टअप पहले ही भारत में सूचीबद्ध हो चुके हैं, जिससे टैक्स ब्रेक की तत्काल आवश्यकता कम हो गई है

Taxation in Exchange Traded Funds: आप एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) में निवेश करने के बारे में सोच रहे हैं, तो आपको इसके साथ जुडे़ टैक्स के नियमों को भी समझ लेना चाहिए. आप गोल्ड ETF, इंडेक्स ETF, बॉन्ड ETF, करेंसी ETF, सेक्टर ETF आदि में निवेश कर सकते हैं. ETF दो तरीके के होते हैं, इक्विटी ETF और नॉन-इक्विटी ETF. इन्हें होल्डिंग अवधि के अनुसार भी वर्गीकृत किया जाता है और इन दोनों पर भी दूसरे इन्वेस्टमेंट एसेट की तरह टैक्स लागू होता है.

ETF क्‍या है?

म्यूच्युअल फंड स्कीम्स के यूनिट का व्यापार शेयर बाजार पर होता है तो ऐसे फंड को एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ETF) कहा जाता है. ऐसे फंड की यूनिट्स शेयर बाजार पर लिस्‍ट होती हैं, फिर इन्‍हें वहां से खरीदा और बेचा जा सकता है. अधिकतम ETF इक्विटी-ओरिएंटेडे हैं और इनका न्यूनतम 65% फंड लिस्टेड इक्विटी शेयर्स में निवेश होता है. ऐसे ETF बैंक निफ्टी, आपको ETF में निवेश क्यों करना चाहिए निफ्टी50, मिड-कैप इंडेक्स इत्यादि इंडेक्स का प्रतिनिधित्व करते हैं.

ETFs पर सिक्योरिटीज ट्रांजेक्शन टैक्स (STT) लगता है. इक्विटी-ओरिएंटेड और नॉन-इक्विटी ETFs को होल्डिंग पीरियड के आधार पर भी वर्गीकृत किया जाता है और लॉन्ग टर्म एवं शॉर्ट टर्म गेन होने पर टैक्स लगता है.

इक्विटी ETF में लॉन्ग टर्म केपिटल गेन होने पर फ्लैट रेट से टैक्स चुकाना पड़ता है, वहीं नॉन-इक्विटी ETF में 10-20 फीसदी के रेट से टैक्स लगता है. इक्विटी ETF शॉर्ट-टर्म कैपिटल गेन पर 15 फीसदी के रेट से टैक्स लगता है.

इक्विटी-ओरिएंटेड ETF पर टैक्स

इक्विटी-ओरिएंटेड स्कीम्स इंडेक्स ETFs और इक्विटी ETFs हैं. इसमें शॉर्ट-टर्म (365 दिन से कम टाइम) कैपिटल गेन होता है तो 15% टैक्स और 4% सेस लगता है. यदि एक साल से ज्यादा वक्त तक यूनिट रखने पर कैपिटल गेन होता है तो 10% टैक्स (इंडेक्सेशन बेनिफिट के बिना) लगता है. यदि लॉन्ग टर्म में होने वाला कैपिटल गेन 1 लाख रुपये तक है तो उस पर टैक्स नहीं लगता.

गोल्ड ETFs, भारत बॉन्ड ETFs, डेट ETFs और इंटरनेशनल ETFs को नॉन-इक्विटी ETFs कैटेगरी में रखा गया है. इसमें तीन साल से कम समय तक निवेश बनाए रखने पर निवेशक को इसके मुनाफे पर शॉर्ट टर्म कैपिटल गेंस टैक्स देना पड़ता है. टैक्स की दर निवेशक के टैक्स स्लैब के अनुसार होती है. तीन साल से ज्यादा वक्त तक फंड में निवेश बनाए रखने पर निवेशक को इंडेक्सेशन का फायदा मिलता है. इसकी वजह यह है कि इसे लॉन्ग टर्म कैपिटल गेइन माना जाता है. बिना इंडेक्सेशन के 10% या इंडेक्सेशन बेनिफिट्स के साथ 20% टैक्स लगता है.

आपको सोने में निवेश क्यों करना चाहिए? जानें ऐसे 5 कारण जो गोल्ड इन्वेस्टमेंट को बनाते है सबसे बेहतर

Gold Investment: माना जाता है कि सोने और इक्विटी का उलटा संबंध होता है। जिसका अर्थ है कि जब शेयर मूल्य में गिरते हैं तो सोने का मूल्य बढ़ता है। ऐसे ही 5 और कारण इस पोस्ट में जानिए गोल्ड इन्वेस्टमेंट को बनाते है सबसे बेहतर।

Gold Investment: हमारे देश भारत में सोने को सदियों से निवेश के लिये सबसे उपयुक्त साधन माना गया है। यह निवेशकों के लिए एक सुरक्षित ठिकाना है माना जाता है, क्योंकि इसने हमेशा अपनी क्रय शक्ति को बनाए रखा है। लेकिन आपको ETF में निवेश क्यों करना चाहिए आपको ETF में निवेश क्यों करना चाहिए समय के साथ अब गोल्ड खरीदने का तरीका बदल गया है। डिजिटल गोल्ड ने सोने के निवेश को सहज और किफायती बनाकर लोगों के सोने को खरीदने और बेचने के तरीके में क्रांति ला दी है।

इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि आपको सोने में निवेश क्यों करना चाहिए।

रेटिंग: 4.85
अधिकतम अंक: 5
न्यूनतम अंक: 1
मतदाताओं की संख्या: 285